हरियाणा प्रदेश कांग्रेस प्रभारी दीपक बावरिया ने हरियाणा में पार्टी संगठन के गठन को लेकर गेंद पार्टी हाईकमान के पाले में डाल दी है। बावरिया ने हरियाणा में संगठन की सूची तैयार करके हाईकमान को सौंप दी है लेकिन इसकी मंजूरी अब पांच राज्यों के चुनाव के बाद ही मिलेगी।
हरियाणा में कांग्रेस के संगठन का गठन लगातार अटका हुआ है। कई माह की उठापटक के बाद पार्टी प्रभारी दीपक बावरिया ने गत दिवस हाईकमान को सूची सौंप दी है। हालांकि वरिष्ठ नेताओं की आपसी खींचतान के चलते प्रदेश के पांच जिलों में अभी भी संगठन तैयार नहीं हो सका है।
अब संगठन को लेकर पार्टी प्रभारी ने गेंद हाईकमान के पाले में डाल दी है। शुक्रवार को पत्रकारों से बातचीत में बावरिया ने कहा कि पहले चरण में जिला अध्यक्षों की सूची जारी की जाएगी। उन्होंने कहा कि वह अपनी तरफ से सूची हाईकमान को भेज चुके हैं।
कांग्रेस प्रभारी ने बताया कि हरियाणा के नेताओं की चुनाव में राजस्थान व अन्य राज्यों में डयूटियां लगाई जा रही हैं। हरियाणा के नेताओं को प्रचार के लिए भेजा जा रहा है। पांच राज्यों के चुनाव के कारण संगठन की सूची में देरी के सवाल पर किसी तरह की प्रतिक्रिया देने से इनकार करते हुए उन्होंने कहा कि चार उपमुख्यमंत्रियों वाले बयान को लेकर पैदा हुई गलतफहमी के बाद उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से बात की थी। उस बयान के गलत मायने निकाले जा रहा हैं। सीएम, डिप्टी सीएम यह सब जीते हुए विधायक तथा पार्टी हाईकमान तय करती है। कांग्रेस पार्टी ने कभी इस देश में जातिवाद को बढ़ावा नहीं दिया है। कांग्रेस ने हमेशा ही जातिवाद के खात्मे के लिए लड़ाई लड़ी है।