मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने 11 मई को प्रदेशभर के प्रशिक्षण केंद्रों में छापेमारी की थी और रिपोर्ट तैयार की थी.प्रहलाद। प्रशिक्षण केंद्रों में भारी संख्या में खामियां मिली थीं। इन खामियों की पूरी रिपोर्ट मुख्यमंत्री मनोहर लाल के सामने रखी गई थी। रिपोर्ट के साथ ही खुफिया विभाग ने सुधार के लिए सुझाव भी दिए हैं। हरियाणा कौशल विकास मिशन में रिश्वतकांड और फर्जीवाड़े का खुलासा होने के बाद अब हरियाणा सरकार ने मिशन में सुधार की प्रक्रिया शुरू कर दी है। खुफिया विभाग की ओर से मिशन में फर्जीवाड़े और खामियों को लेकर पूरी रिपोर्ट तैयार की गई है। इसी रिपोर्ट के आधार पर अब प्रदेश में चल रहे सभी 200 प्रशिक्षण केंद्रों पर सीसीटीवी लगाए जाएंगे और दोबारा से प्रशिक्षणार्थियों और स्टाफ की बायोमीट्रिक हाजिरी शुरू होगी। यह हाजिरी आधार से लिंक होगी, ताकि कोई दूसरा व्यक्ति किसी अन्य के स्थान पर हाजिरी नहीं लगा सके मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने 11 मई को प्रदेशभर के प्रशिक्षण केंद्रों में छापेमारी की थी और रिपोर्ट तैयार की थी। प्रशिक्षण केंद्रों में भारी संख्या में खामियां मिली थीं। इन खामियों की पूरी रिपोर्ट मुख्यमंत्री मनोहर लाल के सामने रखी गई थी। रिपोर्ट के साथ ही खुफिया विभाग ने सुधार के लिए सुझाव भी दिए हैं। उन्हीं सुझावों के तहत अब मिशन में फर्जीवाड़ा और गड़बड़ियों को रोकने की कवायद शुरू हो गई है। गौरतलब है कि आईएएस विजय दहिया के भ्रष्टाचार मामले में घिरने और विभाग से हटाने के बाद अब आईआरएस विवेक अग्रवाल को मिशन के मुखिया की जिम्मेदारी सौंपी गई है। मिशन निदेशक भी सुधार को लेकर अधिकारियों के साथ बैठक कर चुके हैं 35 प्रशिक्षण केंद्रों पर 6500 में से मात्र 1200 प्रशिक्षणार्थी मिले थे प्रशिक्षण वाले ऑनलाइन सूची में अलग नाम और मौके पर अलग बायोमीट्रिक हाजिरी बंद मिली, मैनुअली हाजिरी थी, कई जगह रजिस्टर भी नहीं मिले केंद्रों पर अध्ययन सामग्री और पूरे संसाधन भी नहीं मिले